Wednesday, December 9, 2009


ये तस्वीरें कुछ कहती हैं....!!



असंतुष्ट और धोखा खाए छात्र - छात्राओं के लिए नया बैच, आइए आप भी यहाँ धोखा खाइए.




आपको चैन न मिल रहा हो तो यहाँ आकर अपना चैन ठीक करा सकते हैं. जैसा कि ये फोटो कह रही है.


प्रबल प्रताप सिंह

3 comments:

  1. very good ! nice!
    photographs speak it humor quite well!

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  2. Dhokhe par dhoka. Bilkul sahi tasveer... yahi sab to dekhane ko mil raha jagah-jagah...
    Shubhkamnayeen.

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